Uncategorized

देवी मां शीतला और मां दंतेश्वरी की आराधना हमारी आस्था, परंपरा और ग्राम की एकता का प्रतीक — पंडित राजेश शर्मा


धमतरी। ग्राम आमदी में मां दंतेश्वरी एवं ग्राम देवी मां शीतला की पूजा-अर्चना और ग्राम भंडारे का आयोजन श्रद्धा, भक्ति और पारंपरिक उल्लास के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य एवं धर्मप्रेमी समाजसेवी पंडित राजेश शर्मा शामिल हुए। उन्होंने माता रानी के समक्ष विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की तथा भंडारे में सहभागिता निभाई। इस अवसर पर अपने उद्बोधन में पंडित राजेश शर्मा ने कहा कि ग्राम देवी मां शीतला और मां दंतेश्वरी के प्रति श्रद्धा हमारी सनातन संस्कृति और लोक परंपराओं की महत्वपूर्ण पहचान है। ग्राम देवी मां शीतला को स्वास्थ्य, शांति और जनकल्याण की कामना से पूजा जाता है, वहीं मां दंतेश्वरी शक्ति, साहस और आस्था की प्रतीक हैं। माता रानी की आराधना हमें सेवा, सद्भाव, करुणा और समाज के प्रति अपने दायित्वों का बोध कराती है। उन्होंने कहा कि आमदी की धार्मिक और सांस्कृतिक परंपराएं गांव की सामाजिक एकता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। गांव की पहचान केवल उसकी भौगोलिक सीमाओं से नहीं, बल्कि वहां की आस्था, संस्कार, आपसी सहयोग और लोगों के बीच आत्मीय संबंधों से बनती है। जब ग्रामीणजन एक साथ मिलकर पूजा-अर्चना और भंडारे जैसे धार्मिक आयोजनों में भाग लेते हैं, तो आपसी भाईचारा बढ़ता है और नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से जुडऩे की प्रेरणा मिलती है। पंडित राजेश शर्मा ने कहा कि धार्मिक आयोजनों की सार्थकता तभी है, जब उनसे समाज में सद्भाव, सेवा और सहयोग की भावना मजबूत हो। माता रानी के आशीर्वाद की कामना के साथ हमें जरूरतमंदों की सहायता, बुजुर्गों का सम्मान और समाज के प्रत्येक वर्ग के साथ मिलकर गांव के विकास में योगदान देने का संकल्प लेना चाहिए। कार्यक्रम में ज्योति साहू, हेमंत साहू, प्रीति कुंभकार, उमानंद सभापति, पार्षद सरिता साहू, पार्षद सुशीला साहू एवं डॉ. नागेश्वर साहूू खूबलाल ध्रुव लक्की डागा सहित ग्राम के गणमान्य उपस्थित रहे। आयोजन में श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना के पश्चात भंडारे में प्रसाद ग्रहण किया। भाजपा प्रदेश कार्य समिति सदस्य पंडित राजेश शर्मा ने भंडारे में अपनी सेवा देते हुए श्रद्धालुओं को भंडारा प्रसादि वितरण किया। ग्रामीणों की सहभागिता से संपन्न इस आयोजन ने धार्मिक आस्था के साथ सामाजिक समरसता और सामूहिक एकजुटता का संदेश दिया।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!