सावन की रिमझिम में शास्त्रीय सुर, धमतरी के कलाकारों ने बाँधा समां

धमतरी। मुक्त आकाश, रायपुर में छत्तीसगढ़ शासन संस्कृति विभाग के रजत जयंती वर्ष पर आयोजित पावस प्रसंग कार्यक्रम में धमतरी के कलाकारों की शानदार सहभागिता रही। शास्त्रीय गायक होमेश्वर प्रसाद चंद्राकर (ग्राम गोकुलपुर) ने अपनी स्वर लहरियों से पारंपरिक कजरी कारी बदरिया छाई प्रस्तुत कर दर्शकों को भावविभोर कर दिया। साथ ही ओमन लाल सिन्हा (हारमोनियम, दृष्टिबाधित विशेष कलाकार एवं विशेष शिक्षक, जिला निशक्त पुनर्वास केंद्र, धमतरी जिन्हें डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम द्वारा सम्मानित किया गया है), राहुल चंद्राकर (बांसुरी) और विवेक सिन्हा (तबला, ग्राम तेलीनसत्ती) की संगत ने वातावरण को और भी सुरमय बना दिया। बांसुरी की तानों और तबले की थाप के साथ जब सुरों की बरसात हुई तो दर्शक झूम उठे और तालियों की गडग़ड़ाहट देर तक गूंजती रही। कलाकारों ने इस अवसर पर कहा कि संस्कृति विभाग द्वारा दिए गए इस मंच पर प्रस्तुति देना हमारे लिए गौरव और सुखद अनुभव है।
