कल से नये शिक्षण सत्र की शुरुआत : जिले के 1081 स्कूलो में हजारों छात्र -छात्राएँ अपना भविष्य गढऩे पहुंचेंगे स्कूल
सभी स्कूलो में प्रार्थना सभा के दौरान राष्ट्रगान, राष्ट्रगीत, दीप मंत्र, सरस्वती वंदना, गुरु मंत्र किया गया है अनिवार्य, छुट्टी के समय गायत्री मंत्र, शांति मंत्र, राज्य गीत का भी होगा वाचन
पहले जिले में थे 1491 स्कूल, 410 स्कूलों का हुआ युक्तिकरण
जिले में 168 संकुल केन्द्र के अन्तर्गत 543 प्राथमिक स्कूल, 370 माध्यमिक स्कूल, 57 हाई स्कूल व 110 है हायर सेकेण्डरी स्कूल

धमतरी । 20 अप्रैल से आज 15 जून तक प्रदेश भर के स्कूलो में ग्रीष्मकालीन छुट्टिया रही। कल से नये शिक्षण सत्र के साथ ही स्कूलो में पढ़ाई का शुभारंभ होगा। जिसके लिए शिक्षा विभाग द्वारा व्यापक तैयारियां की जा रही है।
बता दे कि इस साल जिले में स्कूलों की संख्या काफी कम हुई है। साल 2025 में सरकार द्वारा स्कूलों की युक्तिकरण प्रक्रिया की गई जिसके तहत 410 स्कूलों का युक्तिकरण किया गया। पहले जहां जिले में 1491 स्कूल थे अब जिले में 1081 स्कूल रह गये है। जिले में 168 संकुल केन्द्र के अन्तर्गत 543 प्राथमिक स्कूल, 370 माध्यमिक स्कूल, 57 हाई स्कूल व 110 हायर सेकेण्डरी स्कूल है। जिनमें हजारों छात्र अपना भविष्य गढऩे कल से स्कूल पहुंचेंगे।
इस बार नये शिक्षण सत्र के साथ ही राज्य सरकार व स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा कई नये प्रयास किये जा रहे है। जिसके तहत आदेश भी जारी कर दिये गये है। छग शिक्षा विभाग द्वारा इस बार प्रदेश के सभी स्कूलो में प्रार्थना सभा के दौरान राष्ट्रगान, राष्ट्रगीत, दीप मंत्र, सरस्वती वंदना, गुरु मंत्र को अनिवार्य किया गया है। साथ ही विभिन्न मंत्रो का वाचन अनिवार्य किया गया है। महापुरुषो की जीवनी पढ़ी जाएगी। मध्यान्ह भोजन में मंत्रोच्चार होगा। साथ ही छुट्टी के समय गायत्री मंत्र, शांति मंत्र, राज्य गीत का भी वाचन होगा।
अब अभिभावक चुनेंगे सरकारी स्कूल समिति अध्यक्ष
मिली जानकारी के अनुसार धमतरी जिले सहित प्रदेश के सरकारी स्कूलो में अब तक कार्य कर रही शाला विकास समितियां भंग कर दी गई है। नई व्यवस्था के तहत ऐसा माना जा रहा है कि समिति के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष किसी राजनीतिक हस्तक्षेप या बाहरी नीति से तय नहीं होंगे। बल्कि स्कूल में पढऩे वाले बच्चों के अभिभावको में से चुने जाएंगे। ऐसा माना जा रहा है कि अगले एक माह के भीतर नई समिति का गठन किया जायेगा। और उक्त गठित समिति के पास वित्तीय सहित अन्य अधिकार हो सकते है।
आनलाईन हाजिरी व छुट्टी के आवेदन
इस बार नये शिक्षण सत्र के साथ एक और बदलाव किया गया है जिसके तहत अब स्कूलो में शिक्षकों की उपस्थिति व छुट्टी प्रक्रिया भी आनलाईन दर्ज होगी। स्कूलो में बायोमैट्रिक प्रक्रिया के तहत प्रत्येक शिक्षक अपनी उपस्थिति दर्ज कराएंगे। वहीं छुट्टी के लिए भी आफलाईन प्रक्रिया के साथ पर आनलाईन प्रक्रिया होगी। शिक्षको द्वारा आनलाईन उपस्थिति दर्ज नहीं करने वेतन रोकने व अनुशासत्मक कार्रवाई हो सकती है।
कई जर्जर स्कूलो में होगी पढ़ाई
जिले में हर वर्ष कई स्कूलों में बच्चें अव्यवस्था के बीच शिक्षा ग्रहण करते रहे है। इस बार जिले के 1081 स्कूलो में 89 स्कूल भवन जर्जर स्थिति में है। जिसे डिस्मेंटल हालात पाया गया है। बताया जा रहा है कि शिक्षा विभाग द्वारा शासन को पत्र के माध्यम से जानकारी दे दी गई है। ऐसे में जर्जर स्कूलो में इस सत्र भी बच्चों को खतरे के साय के बीच शिक्षा ग्रहण करना पड़ेगा।
