Uncategorized

सेहत बनाने के बजाय बिगाड़ सकते है केमिकल से पके हुए फल

कृत्रिम रुप से केमिकल की मद्द से पकाये जा रहे फलों से कई तरह की बीमारियों का बढ़ा खतरा

एथिलीन, एसिटिलीन जैसे असंतृप्त हाईड्रोकार्बन का इस्तेमाल होता है फलो को पकाने में
धमतरी। फल हमारी सेहत के लिए लाभकारी होता है लेकिन आज के दौर में अधिकतर फल केमिकल के प्रयोग से पकाया जा रहा है। ऐसे में यह फल सेहत बनाने के बजाये बिगाडऩे का काम भी करती है। हेल्दी और लाईट डाइट में फल विशेष रुप से शामिल होता है। फलो का सेवन छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्गो तक हर आयु वर्ग के लोगों द्वारा किया जाता है। फलो से हमे सभी प्रकार के पोषक तत्व मिलते है। लेकिन स्थिति ऐसी हो चुकी है कि हमे यह सोचने पर मजबूर होना पड़ रहा है कि क्या फल अब हमारे लिए फायदेमंद है क्योंकि कुछ फल विक्रेताओं द्वारा उनमें खतरनाक रसायनों का प्रयोग कर कृत्रिम रुप से पकाया जा है। अक्सर लोग फलों को रंग रुप के आधार पर खरीदते है और यह प्रथा लंबे वक्त से चली आ रही है। चूंकि अब कई चीजों में केमिकल का प्रयोग हो रहा है। इसलिए इस तरीके से फलों की खरीद करने पर रोक लगनी चाहिए यदि हम रंग के आधार पर फलों को खरीदते है। तो आज यह सेहत के लिए हानिकारक साबित हो सकता है। क्योंकि केमिकल से न सिर्फ फल पकाये जाते है बल्कि उनका कलर भी प्रभावित किया जाता है। ज्यादातर फलों को पकाने और आकर्षक रंग देने के लिए एथिलीन और एसिटिलीन जैसे अंसतृप्त हाईड्रो कार्बन का इस्तेमाल किया जाता है। भले ही ये रसायन फल की कास्मेटिक गुणवत्ता में सुधार करने में मद्द करते है। लेकिन आर्गेनाॉलेप्टिक गुणवक्ता की कीमत पर ऐसा करते है। फलों के रंग रुप में सुधार के लिए दी जानी वाली रसायन ज्यादा मात्रा में होती है। यह सेहत बिगाडऩे का काम करती है। इसी प्रकार कैल्शियम कार्बाईड एक जहरीला और अत्याधिक खतरनाक, संधारक रसायन है। इस रसायन से पकने वाले फल मानव स्वास्थ्य के लिए कई हानकारक प्रभाव पैदा करते है।


इस तरह कर सकते है पहचान
केमिकल से पके फल ऊपर से तो पके हुए दिखते है। लेकिन भीतर से पूरी तरह पके नहीं होते उनका स्वाद भी नेचुरल नहीं होता कभी कभी केमिकल के ज्यादा प्रयोग से फल बेस्वाद और विषास्त हो सकते है। कुछ फल ऐसे भी होते है जो कि केमिकल से पके होने के कारण कुछ स्थानों पर ज्यादा तो कुछ स्थानों पर कम पके होते है। इस बात का भी ध्यान रखना चाहिए। सामान्य रुप से देखकर फलो की पहचान करना मुश्किल होता है। इसलिए फलों को खाने से पहले कुछ देर तक पानी में भिंंगोकर रखना चाहिए। फलों को अच्छे से धोकर ही खाना चाहिए।
इन तकलीफो का करना पड़ सकता है सामना
केमिकल से पके फलों को लंबे समय तक सेवन करते रहने से कई प्रकार की परेशानियां शरीर में आ सकती है। कैल्शियम कार्बाइड जैसे रसायनों से पके फलों से अपच, उल्टी, अनिद्रा याददाश्त कमजोर होना से लेकर कैंसर जैसी बीमारियों की बुनियाद तैयार कर सकती है। कार्बाइड एक क्षारीय पदार्थ होता है। जो कि पेट के अंदर म्युकोसल ऊतकों को नष्ट करने की क्षमता रखता है। इसके अतिरिक्त छाती में चलन, आंखो में जलन, गले में खराश, त्वचा पर अल्सर, सांस की तकलीफ आदि शारीरिक दिक्कते भी हो सकती है।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!