जल रोकने के लिए जिले में जितने भी एनीकेट बनाया है उनकी प्रशासन कराये तत्काल मरम्मत- लेखराम साहू

कुरूद के पूर्व विधायक लेखराम साहू ने जिला प्रशासन एवं छत्तीसगढ़ शासन को पत्र लिखकर मांग किया है कि धमतरी जिला में जल रोकने के लिए आज से 10 साल पहले महानदी में देवपुर के पास करोड़ों रुपया खर्च करके एनीकेट बनाया गया है इसी तरह महानदी मेघा घाट और बड़े करेली के खट्टी गांव में करोड़ों रुपया लागत से निर्माण किया गया है एवं खारुन नदी के सिलौटी एनीकेट कौही एनीकेट सेमरा एनीकेट एवं परसुलीडीह एनीकेट में करोड़ों रुपया के लागत से शासन द्वारा एनीकेट का निर्माण किया गया है लेकिन प्रशासन द्वारा मेंटेनेंस नहीं करने के कारण वहां पानी नहीं रुक पा रहा है अगर प्रशासन चाहे तो इस करोड़ों रुपया के लागत से बने एनीकेट का तत्काल मरम्मत करा सकता है कई जगह से रेत् माफिया एनीकेट का गेट खोलकर रेत् निकालते हैं उसमें भी प्रशासन ध्यान दें अगर मरम्मत होता है तो जल भराव सही से होगा एवं पूरे छत्तीसगढ़ के जितने भी एनीकेट हैं उसकी मरम्मत छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा किया जाए ताकि जल भराव सही से हो ताकि पुरे धमतरी जिले का वाटर लेवल बढ़ सके गंगरेल बांध की क्षमता 32 टीएमसी है और उसमें अधिक पानी भरने के बाद गंगरेल से महानदी में पानी छोड़ना पड़ता है जिससे बहुत जल बह कर चला जाता है इन पानी को बचाने के लिए गंगरेल बांध के ऊपर जब कांग्रेस की सरकार थी उस समय धनेंद्र साहू जल संसाधन मंत्री थे तो गंगरेल बांध के ऊपर एक और बांध बनाने का प्रस्ताव पारित किया था जब मैं कुरूद का विधायक था उस समय मेरे द्वारा छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डॉ रमन सिंह एवं जल संसाधन मंत्री राम विचार नेताम से एवं विधान सभा में मांग किया गया था लेकिन उस समय आश्वासन मिला लेकिन गंगरेल बांध के ऊपर एक और बांध गंगरेल तो नहीं बना अतः लेख राम साहू ने मांग किया है कि . छत्तीसगढ़ के जितने भी एनीकेट हैं उसका जल्द से जल्द मरम्मत कराया जाए प्रशासन को अन्य में खर्च करने के बजाय एनीकेट के मरम्मत में ध्यान दें ताकि पूरे धमतरी जिले के आसपास के गांव का वाटर लेवल बना रहे और सही से एनीकेट पानी से भरा रहे ।
