ओपीडी में डाक्टरों के देर से पहुंचने, मरीजों को निजी अस्पतालो में रेफर करने, गुणवत्तापूर्ण पौष्टिक आहार नहीं मिलने सहित कई शिकायतों पर विधायक ओंकार साहू ने कराया ध्यानाकर्षण
विधानसभा सत्र के तहत विधायक ने जिला अस्पताल स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी व अव्यवस्था का उठाया मुद्दा, स्वास्थ्य मंत्री के जवाब से नहीं हुए संतुष्ट

धमतरी। विधानसभा सत्र के तहत ध्यानाकर्षण में धमतरी विधायक ओंकार साहू ने स्वास्थ्य मंत्री को ध्यानाकर्षण कराते हुए बताया कि जिला चिकित्सालय धमतरी में आए दिन मरीजों की शिकायत रहती है कि डॉक्टर समय पर ओपीडी में नहीं होते। कई बार स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारियों जैसे कलेक्टर ने भी इस संबंध में जिला चिकित्सालय में पदस्थ डाक्टरों को समय पर आने निर्देशित किया है किंतु कुछ डॉक्टर नहीं आ रहे हैं। जिला चिकित्सालय में प्रतिदिन मरीज की संख्या में वृद्धि हो रही है किंतु सुविधा प्रतिदिन कम होती जा रही है जिसके कारण गरीब असहाय वर्ग के लोगों को निजी अस्पतालों की ओर रुख करना पड़ रहा है। कई लोग जो आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं उनकी जान तक चली जाती है। अभी-अभी लगातार कुछ दिनों से एक शिकायत आम हो गई है कि कुछ अस्पताल के कर्मचारियों की निजी अस्पतालों में मिलीभगत है। डिलीवरी एवं अन्य केसो में अस्पताल के कुछ कर्मचारी द्वारा सुझाव दिया जाता है कि डॉक्टर की कमी है, यहां इलाज की सुविधा नहीं है। अगर आप बेहतर इलाज चाहते हैं तो आपको धमतरी के किसी निजी अस्पताल में जाना होगा एवं वही कर्मचारी निजी अस्पतालों में मरीजों को भेज देते हैं। जिला हॉस्पिटल धमतरी में आए दिन मशीन खराब रहती है। मरीज को बेहतर एवं संतुलित आहार, पौष्टिक आहार भी प्रदान नहीं किया जा रहा है बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं जिले में नहीं मिल पाने के कारण जिले के आम जनता में शासन प्रशासन के विरुद्ध आक्रोश व्याप्त है। जिस पर लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने उक्त शिकायतों को खारिज किया।
यह सही है कि धमतरी जिला चिकित्सालय में विगत 2-3 वर्षों से मरीजों की संख्या में निरंतर वृद्धि हो रही है। जिला अस्पताल धमतरी में कई जटिल बीमारियों से ग्रसित गर्भवतियों का ईलाज सफलतापूर्वक किया जा रहा है। इससे क्षेत्र के आमजनो का जिला चिकित्सालय धमतरी पर भरोसा बढ़ा है। यह सही नहीं है कि गरीब असहाय वर्ग के लोगों की निजी हॉस्पिटलों की ओर रूख करना पड़ रहा है। इस वित्तीय वर्ष में 11.211 मरीजों को नि:शुल्क चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई गई है। अस्पताल के कर्मियों द्वारा डिलीवरी एवं अन्य सर्जरी के मरीजों को निजी अस्पतालों में भेजने के संबंध में शिकायत प्राप्त नहीं हुई है। जिला चिकित्सालय, धमतरी में 02 स्त्री रोग विशेषज्ञ एवं 02 निश्चेतना विशेषज्ञ कार्यरत हैं. उनके द्वारा निरंतर सिजेरियन प्रसव एवं अन्य शल्य क्रियाएं संपादित किये जा रहे हैं। मरीजो को बेहतर एंव संतुलित आहार, पौष्टिक आहार भी प्रदान नहीं किया जा रहा है। विधायक ओंकार साहू जवाब से संतुष्ट नहीं हुए। और पूछा कि अस्पताल में बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम है क्या? जिस पर मंत्री ने हा कहते हुए बायोमेट्रिक के अलावा फिजिकल अटेंडेंस होने की जानकारी दी। जिसे विधायक ओंकार साहू ने गलत बताते हुए कहा कि बायोमेट्रिक अटेंडेंस सिस्टम अस्पताल में नहीं है। अस्पतालब में अव्यवस्था व कर्मी के चलते मरीज घट रहे है।

