
भखारा-निर्मलकर समाज अपनी मेहनत और समर्पण के लिए जाना जाता है. लेकिन आधुनिकता और शहरीकरण के कारण इसे कई चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है।
उक्त बातें ज्योति हरख जैन ने झिरिया बरेठ निर्मलकर समाज के परिक्षेत्र के वार्षिक सम्मेलन में कहीं गई। अजय चंद्राकर के विधायक निधि से निर्मित भवन में उन्होंने आगे कहा कि समाज के लोगों को आधुनिक लॉन्ड्री सेवाओं में प्रशिक्षण देकर उनकी आय के स्रोत को विधिवत किया जा सकता है।समाज में शिक्षा और जागरूकता बढ़ाने के लिए सरकार और समाज को मिलकर काम करना चाहिए। नशा पान से दूर रहने का प्रयास हो।समाज के वरिष्ठ लोगों को सक्रिय रूप से अपनी समस्याओं को बताकर शासन की योजनाओं का लाभ उठाना चाहिए, ताकि उनकी आवाज सुनी जा सके।इन उपायों के माध्यम से निर्मलकर समाज की स्थिति में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए जा सकते हैं।सम्मेलन में प्रतिनिधि हरख जैन, उपाध्यक्ष विष्णु साहू, निवृत्त मान अध्यक्ष पुष्पलता देवांगन, भारती साहू,पार्षद गण चांदनी साहू, गौतमी पटेल, भूपेश्वरी चंदेल, छबिलाल निर्मलकर, झम्मन साहू, भूपेंद्र यादव, मेघनाथ साहू, हितेंद्र साहू, केदार निर्मलकर, सुशीला निर्मलकर, लक्ष्मी निर्मलकर, किशुन निर्मलकर, मेघनाथ निर्मलकर, बसंत, गोवर्धन, दीनू निर्मलकर , दिनेश, संत निर्मलकर एवं परिक्षेत्र के समाज जन उपस्थित थे। संचालन जय नारायण बाघमार ने किया।कार्यक्रम का प्रारंभ शिव जी,संत गाडगे बाबा के चित्र के पूजन माल्यार्पण पश्चात् अतिथि गणों के स्वागत पश्चात् हुआ। अतिथियों को सम्मान चिन्ह भेंट किए गए। अध्यक्ष को नर्सरी का पौधा दिया गया।

