केरेगांव वन परिक्षेत्र के बाद गंगरेल बांध क्षेत्र में बाघ देखे जाने की चर्चा
मिले कुछ पग चिन्ह, जिसकी वन विभाग की टीम द्वारा का जा रही जांच

धमतरी। धमतरी में लगातार वन्य प्राणियों की चहल कदमी बढ़ती जा रही है। भालू, हाथी के बाद अब बाघ की मौजूदगी के निशान मिले है। जिससे आसपास के क्षेत्रो में दहशत व्याप्त है। हालांकि वन विभाग ने इसकी पुष्टि नहीं की है।
मिली जानकारी के अनुसार 15 अगस्त 2025 को उदंती सीता नदी टाइगर रिजर्व में वन्य प्राणियों की निगरानी हेतु जंगल में लगाए गए ट्रैप कैमरे में बाघ कैद हुआ था। जिसके पश्चात जिले में बाघ की मौजूदगी पुख्ता हुई थी। इसके पश्चात पिछले कुछ दिनों से बाघ सिंगपुर, माकरदोना, केरेगांव वन परिक्षेत्र में बाघ के मौजूदगी के निशान मिले थे। इसके पश्चात गंगरेल बांध क्षेत्र मे ग्रामीणों द्वारा बाघ को देखे जाने की सूचना मिल रही है। जिसके पश्चात वन विभाग का अमला एक्टिव हुआ और जांच में जुट गई है। बाघ के पग चिन्हो मिलने की जांच वन विभाग टीम द्वारा की जा रही है। गंगरेल क्षेत्र में बाघ के विचरण की सूचना से दहशत है साथ ही पंचायत द्वारा बाघ देखे जाने की सूचना प्रसारित कर सावधानी बरतने के निर्देश दिये जा रहे है। मुनादी भी कराई गई है। विशेषकर रात में घरो से बाहर न निकलने व बांध क्षेत्र की ओर न जाने की हिदायत दी जा रही है।


