Uncategorized

हाथों ने साथ छोड़ा तो हौसलों ने थाम ली रोशनी, रुद्रेश्वर घाट पर वर्षा ने पैरों से प्रज्वलित किया दीप


धमतरी। रुद्रेश्वर घाट पर सेवा संकल्प अभियान के शुभारंभ पर एक दिव्यांग छात्रा आगे बढ़ी और अपने पैरों से दीप प्रज्वलित किया। यह सिर्फ एक दीप का प्रज्वलन नहीं था, बल्कि विपरीत परिस्थितियों के बीच उम्मीद, आत्मविश्वास और दृढ़ संकल्प की ऐसी रोशनी थी, जिसने सभी को प्रेरित किया। इस छात्रा का नाम है वर्षा ध्रुव। ग्राम सियादेही की रहने वाली वर्षा कक्षा 11वीं में कला संकाय की छात्रा हैं। वर्तमान में वह रुद्री स्थित एडजेस्ट फाउंडेशन में रहकर अध्ययन कर रही हैं। उनके पिता नरेंद्र कुमार ध्रुव और माता हीरू बाई खेती-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। आर्थिक परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण होने के बावजूद वर्षा के भीतर आगे बढऩे और बेहतर भविष्य बनाने का जज्बा स्पष्ट दिखाई देता है। वर्षा बताती हैं कि उनके परिवार को शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ मिला है। उनकी माता के नाम गरीबी रेखा का राशन कार्ड है, जिसके माध्यम से परिवार को प्रतिमाह 35 किलो चावल मिलता है। महतारी वंदन योजना के तहत उनकी माता को प्रतिमाह एक हजार रुपये की सहायता राशि भी प्राप्त हो रही है। वर्ष 2025 उनके परिवार के लिए विशेष रहा। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत परिवार को पक्का मकान मिला। वर्षा को छात्रवृत्ति के साथ समाज कल्याण विभाग की पेंशन योजना का लाभ भी मिल रहा है। इन योजनाओं ने परिवार की कठिनाइयों को कम करने और वर्षा की शिक्षा को आगे बढ़ाने में सहारा दिया है।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!