सुशासन तिहार ने खोली मोंगरा के लिए रोजगार की नई राह
अब मिल्क रूट से जुड़ेगा कुरूद का मोंगरा गाँव, महिलाएँ आत्मनिर्भर होंगी, पुरुषों की नशे की आदत पर भी लगाम लगेगी

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की सरकार के सुशासन तिहार में कुरूद विकासखंड के मोंगरा गाँव में रोजगार का एक नया साधन खोलने की राह आसान कर दी है। जल्द ही यह गाँव जिले के मुख्य मिल्क रूट से जुड़ेगा और दुग्ध व्यवसाय में अपनी पहचान बनाएगा ।इस गाँव के निवासियों खासकर महिलाओं की विशेष माँग पर मोंगरा में नई दुग्ध संग्रहण समिति बनाई गई है। अब इस समिति के माध्यम से गाँव के पशुपालकों द्वारा उत्पादित दूध को देवभोग दुग्ध महासंघ को बेचा जाएगा। सुशासन तिहार के दौरान इस गाँव के लोगों विशेषकर महिलाओं ने गाँव को दुग्ध रूट से जोड़ने की माँग प्रशासन से की थी, माँग पर कार्रवाई करते हुए पशुधन विकास विभाग और देवभोग दुग्ध महासंघ के परस्पर सामंजस्य से गाँव में दूध इकट्ठा करने और महासंघ को बेचने समिति बना दी गई है।इस समिति में आधी सदस्य महिलायें है। समिति के बन जाने से इस गाँव की महिलाएं बहुत खुश है। अपने पशुओं की देखभाल और सेवा से जो दूध मिलता है अब उसका अच्छा दाम उन्हें मिलेगा और फायदा ज़्यादा होगा। परंतु महिलायें इस बार से ज़्यादा प्रसन्न है कि अब गाँव के पुरुषों की शराब में कमाई उड़ाने की आदत पड़ लगाम लग जाएगी।
ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती यमुना साहू और गाँव की अन्य महिलायें बताती है कि मोंगरा गाँव में दूध उत्पादन की अपार संभावनाएं है। वर्तमान में ही यहाँ हर दिन लगभग नब्बे लीटर दूध उत्पादित होता है। ये दूध अभी औने-पौने दामों पर चर्रा या कुरूद में बेचा जाता है। उसपर भी गाँव के पुरुष दूध बेचकर मिलने वाले पैसों को शराब में उड़ा देते है। महिलायें ख़ुशी से बताती है कि अब दूध सीधे महासंघ को बेचेंगे तो पैसा भी सीधे उनके बैंक खाते में आयेगा जिससे पुरुषों को शराब या नशा करने के लिए पैसा नहीं मिलेगा। गाँव के दूध उत्पादक पशुपालक इस बात से भी ख़ुश है कि अब उन्हें दूध बेचने मोंगरा से छह-सात किलोमीटर दूर चर्रा या आठ किलोमीटर दूर कुरूद नहीं जाना पड़ेगा।अपने घर-गाँव में ही दुग्ध महासंघ को निर्धारित दर पर दूध बेचने से चर्रा-कुरूद तक जाने-आने में होने वाला खर्चा भी बचेगा और समय की भी बचत होगी। इसके साथ ही दूध के ख़राब होने से घाटा होने की संभावना तो पूरी तरह ही ख़त्म हो गई है ।नई समिति के सभी सदस्यों ने गाँव को मिल्क रुट से जोड़ने के लिए मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय और स्थानीय विधायक श्री अजय चंद्राकर का आभार व्यक्त किया है ।

