होली कवि सम्मेलन मे काव्यों से मंत्रमुग्ध हुए श्रोता ,राधा कृष्ण के साथ फूलो की होली व धार्मिक उन्माद में झूमते रहे लोग
धन एवं खुशियां बांटने से,कई गुना बढ़ कर होती हैं वापसी -: सरिता बहन

सामर्थ है जब तक, ज़ारी रहेगा सेवा का सिलसिला -:पं.राजेश शर्मा
सार्वजनिक सरोकार के कार्य करने वाले, समाज के सच्चे सूत्रधार -: राजेंद्र शर्मा
धमतरी-होली के अवसर पर राधा कृष्ण भवन शहर वासियों को कविताओं से सरोबार करने के लिए कवि सम्मेलन का आयोजन के साथी फूलों की होली ने एक अद्भुत छटा का निर्माण किया। जिसमें श्रृंगार की कविता की प्रस्तुति दिल्ली से आई हुई पद्मिनी शर्मा तथा आगरा की योग्यता चौहान ने करते हुए लोगों के दिलो में उतर जाने वाली काव्य पाठ से मंत्रमुग्ध कर दिया तो दूसरी ओर छत्तीसगढ़ी भाषा को कविताओं में शीर्षस्थ स्थान प्रदान करने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका प्रदान करने वाले कवि रामेश्वर वैष्णव ने एक से बढ़कर एक प्रस्तुति देते हुए कवि सम्मेलन को एक नहीं ऊंचाई प्रदान की। इसके साथ ही हास्य व्यंग्य की कविताओं में, ओमप्रकाश शर्मा,पद्मलोचन मुंहफट, शशिभूषण स्नेही द्वारा श्रोताओं का खूब मनोरंजन किया गया जिससे होली के दिन त्यौहार की खुशियों के साथ ही कविताओं के माध्यम से चार चांद लग गए। पूरे कवि सम्मेलन के संचालक को एक नई ऊंचाई पद्मलोचन शर्मा मुंहफट द्वारा दी गई। वही कवि सम्मेलन के प्रारंभिक उद्घाटन अवसर पर मुख्य रूप से उपस्थित ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की संयोजिका सरिता बहन जी द्वारा उपस्थित जनों से कहा कि समाज हमें बहुत कुछ देता है बदले में हमें उसे देने के अपने कर्तव्य का भी निर्वहन कर सामाजिक जिम्मेदारी को बखूबी निभाया जाना चाहिए। उन्होंने आगे बताया कि प्रकृति का यह नियम है कि धन और खुशी आप जितना बातों के उससे कई गुना वह वापस लौट कर प्राप्त होगी इस क्षेत्र में सार्वजनिक धरातल पर पंडित राजेश शर्मा का कार्य प्रमाणित रूप से स्वीकार्य होकर आम जनमानस के लिए समर्पित भाव का साक्षी है। वही आयोजक पंडित राजेश शर्मा द्वारा आयोजन के संबंध में प्रकाश डालते हुए कहा कि एक लंबे समय से होली के दिवस कवि सम्मेलन आयोजन किए जाने की परंपरा को इस वर्ष भी आगे बढ़ाया गया है और ईश्वर और आप सभी के आशीर्वाद, प्रेम एवं स्नेह के परिणाम स्वरूप आगे भी समर्थ मिलता रहे तो यह श्रृंखला निरंतर जारी रहेगी। इस अवसर पर प्रमुख से नगर निगम के पूर्व सभापति राजेंद्र शर्मा द्वारा शहर की गौरवशाली परंपराओं तथा जरूरतमंदों के सेवाभावी कार्यों के लिए पंडित राजेश शर्मा के योगदानों को रेखांकित करते हुए कहा कि ऐसे लोग समाज में अपने उत्कृष्ट कार्यो के कारण दूसरों के लिए प्रेरणा स्रोत बन जाते हैं ऐसे कार्य आगे चलकर निश्चित ही सामाजिक बदलाव का सूत्रधार भी बनता है।इस अवसर पर गोपाल प्रसाद शर्मा,जानकी प्रसाद शर्मा,भानु चंद्राकर,निर्मल बरड़िया, प्रकाश शर्मा,विकास शर्मा,
देवेंद्र मिश्रा,सूरज शर्मा,रोहितास मिश्रा,भूपेंद्र मिश्रा,शशि पवार,कविद्रं जैन,
पी. बी. पराड़कर,सुशील शर्मा,राधेश्याम अग्रवाल,विजय मोटवानी, पिन्टू यादव, कुलेश सोनी, चंद्रभागा साहू,विजय साहू,नरेंद्र गोलछा,राजेंद्र माहेश्वरी,दीप शर्मा,रणजीत छाबड़ा,संजय जैन,आशीष मिन्नी,मेघराज ठाकुर,राजेश रायचुरा,अरूण चौधरी,नंदू जैसवानी,दिलीप राज सोनी,योगेश गांधी,हरेश आहूजा,अमित अग्रवाल मुकेश वरदियानी,कालू लूनिया,
प्राजक्ता बहन,डीएसपी रागिनी मिश्रा,प्राप्ति वाशनी,चंद्रकला पटेल,बीथिका विश्वास ,सरिता यादव,बरखा शर्मा,हर्षा माहेश्वरी,अनोभा कनाडे,सारिका नाहटा,नीतू महावर,प्रभा मिश्रा,वीना मिश्रा
राधा अग्रवाल,पूजा मिश्रा,रितिका यादव,प्रभा कुंजाम, लता सोनी, गोमती रजक, दमयंती गजेंद्र,ईश्वरी पटवा, सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।