खाद्य पदार्थो की बढ़ती कीमतों से बिगड़ रहा बजट, बढ़ेगा त्योहारी खर्च
शक्कर, गुड़, चावल, तेल, प्याज़ सहित कई अन्य चीजों के बढ़े दाम से आमजनता की बढ़ी परेशानी

धमतरी। बाजार में शक्कर, गुड़, खाद्य तेल और प्याज की कीमतों में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। इसके अलावा अन्य कई सामानों के दाम भी पहले की तुलना में अधिक हैं। व्यापारियों का कहना है कि थोक बाजार में कीमतें बढऩे का असर खुदरा बाजार पर भी पड़ा है, जिससे ग्राहकों को महंगा सामान खरीदना पड़ रहा है। गरीब मध्यम वर्गीय परिवारो का बजट बढ़ती मंहगाई से बिगड़ रहा है। पहले पेट्रोल डीजल के दाम बढ़े जिसके पश्चात धीरे-धीरे अन्य वस्तुओं के दामों में भी वृद्धि हुई है। बिजली दरो में भी वृद्धि लोगो के लिए आर्थिक परेशानी का कारण बन चुका है। आम आदमी के आय में वृद्धि नहीं हो पाई है। जबकि मंहगाई के चलते खर्च बढ़ गई है। ऐसे में मंहगाई से आमजनता त्रस्त हो गई है। लोगो का कहना है कि सरकार चुनावी वादे के अनुसार थोड़ी राहत देती है, लेकिन उससे कई गुणा अधिक मंहगाई से जेब ढीली हो रही है।
चाय हुई महंगी, कप भी हुआ छोटा
महंगाई का असर चाय दुकानों पर भी साफ दिखाई दे रहा है। कई स्थानों पर चाय के दाम बढ़ा दिए गए हैं, जबकि पहले जितनी मात्रा में चाय मिलती थी, अब उससे कम चाय परोसी जा रही है। दुकानदारों का कहना है कि दूध, शक्कर और चायपत्ती की बढ़ी लागत के कारण ऐसा करना उनकी मजबूरी है।
त्योहारों से पहले बढ़ी चिंता
रक्षाबंधन के बाद गणेशोत्सव और अन्य त्योहारों का सिलसिला शुरू होगा। जो कि दीपावली पर्व तक जारी रहेगा। ऐसे में मिठाइयों और घरेलू जरूरतों की खरीदारी बढऩे वाली है। लोगों का कहना है कि महंगाई के कारण इस बार त्योहार मनाने का खर्च पिछले वर्षों की तुलना में अधिक रहेगा।
लोगों ने राहत की उठाई मांग
बाजार में खरीदारी करने आए कई लोगों का कहना है कि राहत के दावों के बावजूद आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। उनका कहना है कि महंगाई पर प्रभावी नियंत्रण और आम उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए सरकार को ठोस कदम उठाने चाहिए, ताकि त्योहारों के समय लोगों पर आर्थिक बोझ कम हो सके।
