बारिश के मौसम में यात्रियों की बसों के इंतजार में बढ़ी परेशानी
रत्नाबांधा, सिहावा चौक, नहरनाका चौक, अम्बेडकर चौक सहित कुछ स्थानों पर रुकती है बसे लेकिन यात्रियों के लिए नहीं है उचित व्यवस्था

धमतरी से रोजाना 250 बसों का होता है संचालन जिनमें हजारों यात्री करते है सफर
धमतरी । यात्रियों के लिए गर्मी के बाद अब बारिश का मौसम भी परेशानी का सबब बना हुआ है। यात्रियों को बारिश के दौरान दुकानों के शेड के नीचे खड़े होकर बसों का इंतजार करना पड़ता है। ज्ञात हो कि धमतरी में कई स्थानों पर यात्री बसे रुकती है। सबसे मुख्य स्टापेज नया बस स्टैण्ड है। यहां यात्री प्रतिक्षालय है। बैठने की सुविधा भी है लेकिन प्रतिक्षालय के सामने बसे हमेशा खड़ी रहती है। इसलिए प्रतिक्षालय से यह नहीं दिखाई पड़ता कि कौन सी बस आ जा रही है। इसलिए ज्यादातर यात्री प्रतिक्षालय में नहीं रुकते और खुले आसमान के नीचे खड़े रहते है। इसी प्रकार सिहावा चौक और रत्नाबांधा स्टापेज में भी यात्रियों को परेशानी होती है। सिहावा चौक में यात्री प्रतिक्षालय चौक से आगे बनाया गया है। लेकिन ज्यादा यात्री चौक के पास ही पहले सीट पाने गाडिय़ों का इंतजार करते है इसलिए सिहावा चौक के पास ही मेन स्टापेज हो गया है। यहां यदि अचानक बारिश हो जाये तो दुकानों में यात्रियो को शरण लेना पड़ता है। रत्नाबांधा में तो सालों से यात्री प्रतिक्षालय जर्जर होकर डिस्मेंटल हो गया है। यहां बैठने खड़े होने तक की जगह यात्रियों के लिए नहीं है। दुर्ग राजनांदगांव रोड की बसे यहां रुकती है और बसों के टायमिंग में कम से कम आधा घंटे का अंतराल रहता है।

इस दौरान यात्री खुले आसमान के नीचे रहते है। यहां स्टापेज के पास किसी प्रकार की सुविधा यात्रियों के लिए नहीं है। अम्बेडकर चौक, नहर नाका चौक में भी अघोषित बस स्टाप है। यहां बसे रुकती है यात्री बसों में चढ़ते उतरते है, लेकिन यहां भी सुविधा नहीं है। पूर्व में जो सिटी बस के लिए स्टापेज में यात्रियों के लिए व्यवस्था बनाई गई थी वह भी अब काम की नहीं रह गई है। इससे न तो धूप और न ही बारिश से राहत मिलती है। ज्ञात हो कि धमतरी से रोजाना लगभग 250 बसों का आवागमन होता है। जिनमें हजारों यात्री सफर करते है। यहां से रायपुर, जगदलपुर, दंतेवाड़ा, नारायणपुर, भानुप्रतापपुर, बालोद, राजनांदगांव, दुर्ग, भिलाई, नगरी सिहावा उड़ीसा तक के लिए बसे चलती है।