शिव जी शाही बारात में बनारस, नागपुर व कलकत्ता के कलाकारों ने मचाई धूम
नरमुंड की ढेर में बैठी कालिका, नौ दुर्गा की झांकी, गणेश, शिव, हनुमान, जामवंत सहित अन्य नयनाभिराम झांकियों ने शहरवासियों का मोहा मन

किले के बुढेश्वर महादेव मंदिर ट्रस्ट द्वारा महाशिवरात्रि पर्व को महोत्सव के रूप में धूमधाम से मनाया जा रहा है। इसके तहत मेहंदी एवं हल्दी की रस्म बुढेश्वर महादेव मंदिर में सर्वप्रथम निभाई गई। मंगलबार शाम विंध्यवासिनी मंदिर से किले के बूढ़ेश्वर महादेव की भव्य शाही बारात निकाली गई। बारात विंध्यवासिनी मंदिर से निकली जो सदर बाजार, कचहरी चौक, मठ मंदिर चौक, घड़ी चौक, रत्नाबांधा चौक, शिव चौक होते हुए किले के बूढ़ेश्वर महादेव मंदिर में संपन्न हुआ।इसमें बाराती बन भूत-प्रेत एवं नागपुर के अधोरी बने कलाकारों के अलावा सैंकड़ों भक्त शिव जी पर आधारित गीतों में झूमते नजर आये। साथ ही इसमें शामिल कलकत्ता का शेर डांस, बनारस बाबा की आरती, अधोरी कलाकारों के करतब सहित अन्य कलाकारो ने एक से बढ़कर एक करतब दिखाये। वहीं नागपुर से पहुंची नरमुंड की ढेर में बैठी कालिका, नौ दुर्गा की झांकी, गणेश, शिव, हनुमान, जामवंत सहित अन्य नयनाभिराम झांकियों ने शहरवासियों का मन मोह लिया। साथ ही घोड़ा नृत्य युवतियों की बैंड पार्टी, यादव नृत्य आंगा पदेव सहित अन्य आकर्षण का केन्द्र बना रहा। शाही बारात का स्वागत जगह-जगह भक्तों ने कर अपने अंदाज में आस्था प्रकट की। इस बीच बुढेश्वर महादेव एवं शिव के जयकारे गूंजायमान होने से पूरा शहर शिवमय नजर आया। बारात में पालकी यात्रा भी शामिल रही। शाम को भजन संध्या सहित अन्य विविध कार्यक्रम भी आयोजित होंगे। इसकी तैयारी पूर्ण कर ली गई है।
जनप्रतिनिधि व गणमान्य नागरिक हुए शामिल
बूढ़ेश्वर महादेव के शाही बारात में महापौर रामू रोहरा, मराठा समाज अध्यक्ष दीपक लोंढे, आलोक जाधव, बूढ़ेश्वर महादेव मंदिर ट्रस्ट अध्यक्ष विपिन पवार, समाजसेवी ऋतुराज पवार, निलेश लुनिया, गोपाल वाधवानी, देव फूटान, मराठापारा वार्ड के पार्षद सतीश पवार, देवेन्द्र मिश्रा, सानिध्य मिश्रा, मुकेश वार्दियानी, भावेश गोलछा, बंटी ग्वाल, महेन्द्र खण्डेलवाल, योगेश रायचुरा, प्रदीप लोढ़ा, जितेन्द्र पिंचा, निलेश ठक्कर, हेतल संघवी, गुड्डा साहेब, राकेश छाजेड़, सहित सैंकड़ों की संख्या में भगवान शिव के श्रद्धालु शामिल हुए।

