सभी समाज स्वच्छता में सहभागी बनकर सामाजिक दायित्व का करें निर्वहन – प्रिया गोयल
निगम आयुक्त ने शहरवासियों से की स्वच्छता में सहयोग की अपील

धमतरी। निगम आयुक्त प्रिया गोयल नगर को स्वच्छ सुन्दर बनाये रखने लगातार प्रयास कर रही है। इसी कड़ी में समाज प्रमुखो से स्वच्छता में सक्रिय भागीदारी निभाने अपील कर रही है।
आयुक्त ने अपील करते हुए कहा कि धमतरी नगर की पहचान उसकी सांस्कृतिक गरिमा, नागरिक अनुशासन और स्वच्छता में निहित है। नगर पालिक निगम, धमतरी शहरवासियों के सहयोग से नगर को स्वच्छ, सुंदर और आदर्श नगर बनाने के लिए कटिबद्ध है। इस दिशा में हम सभी समाज प्रमुखों, नागरिकों एवं खाद्य प्रतिष्ठानों के संचालकों से संयुक्त रूप से अपील करते हैं कि वे इस अभियान में सहभागी बनकर सामाजिक दायित्व का निर्वहन करें। समाज प्रमुखों से अनुरोध है कि अपने मोहल्लों, वार्डो कॉलोनियों और धार्मिक सामाजिक आयोजनों में स्वच्छता को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। कचरा खुले में न फेंकें, गीले एवं सूखे कचरे को पृथक करें तथा नगर पालिक निगम के निर्धारित समयानुसार वाहन को सुपुर्द करें। समाज के युवाओं को स्वच्छता के प्रति प्रेरित करें, नागरिकों को जागरूक करें और स्वच्छता में सहभागिता को एक जनआंदोलन का रूप दें।
होटल, ढाबा, रेस्टोरेंट, सामाजिक, सामुदायिक भवन एवं खाद्य प्रतिष्ठान, व्यावसायिक संचालकों से अपेक्षा
निगम आयुक्त प्रिया गोयल ने कहा कि शहर की स्वच्छता व्यवस्था में सभी की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है। अत: सभी होटल, भोजनालय, सामाजिक, सामुदायिक भवन एवं व्यावसायिक संचालको, नाश्ता केंद्र, ठेले एवं खाद्य सामग्री विक्रेताओं से आग्रह है कि अपने परिसर, रसोईघर और ग्राहकों के बैठने के स्थान की नियमित सफाई करें। गंदा पानी, बासी खाना, प्रतिबंधित प्लास्टिक व सिंगल यूज प्लास्टिक या कचरा सार्वजनिक नालियों में प्रवाहित न करें। कूड़े-कचरे को बैंककर संग्रहित करें एवं नियमित रूप से नगर निगम की टीम को सौंपें। रसोई कर्मचारियों को साफ-सुथरे वस्त्र, टोपी व दस्ताने पहनाकर सेवा में रखें। शुद्ध जल, स्वच्छ बर्तन एवं कीटरोधी उपायों का उपयोग सुनिश्चित करें। प्रतिबंधित प्लास्टिक पॉलीथीन व सिंगल यूज प्लास्टिक के स्थान पर पूर्ण रूप से बर्तन आदि का उपयोग करें। बाजारों में किसी भी सामाग्री के लिए कपड़े का थैला (झोला) का नियमित उपयोग करें। स्वास्थ्य विभाग व नगर पालिक निगम धमतरी द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्ण पालन करें। उल्लंघन की स्थिति में संबंधित प्रतिष्ठान के विरुद्ध छत्तीसगढ़ नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 एवं स्वच्छता उपविधियों के अंतर्गत नियमानुसार कार्यवाही किये जाने का प्रावधान है, जिसमें नोटिस, जुर्माना अथवा व्यावसायिक अनुज्ञा निरस्त करने की कार्यवाही संभव है।
