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सोंढूर जलाशय से नियंत्रित रूप से पानी छोड़ा जा रहा

नदी-नालों एवं पुराने पुल-पुलियों को पार करते समय एहतियात बरतने कलेक्टर

घटना की जानकारी होने पर तत्काल कंट्रोल रूम पर सूचना दें – कलेक्टर श्री मिश्रा

बाढ़ की संभावना को देखते हुए पालतू जानवरों को पहले से ही सुरक्षित तथा ऊंचे स्थानों पर भेज दें या जल स्तर बढ़ रहा हो, तो उन्हें खुला छोड़ दें।

धमतरी 29 जुलाई 2025/ मानसून के चलते ज़िले में और आस पास के जिले कैचमेंट क्षेत्र में पिछले दिनों से हो रही बारिश एवं भारी बारिश संभावित अतिवृष्टि, नदी-नालों के उफान तथा बाढ़ की स्थिति निर्मित होने की वजह से लोगों की जान की सुरक्षा के कार्य को सर्वोच्च प्राथमिकता एवं तत्काल राहत पहुँचने के निर्देश कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने संबंधित अधिकारियों को दिए है।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने जिले वासियों से अपील की कि नदी-नालों, पुराने पुल-पुलिया आदि को पार करते समय एहतियात बरतें। इसके साथ ही आपदा की जानकारी मिलने पर जिला स्तरीय बाढ़ कन्ट्रोल 07722 -232249 में इसकी सूचना दें सकते है । यह कंट्रोल रूम चौबीसों घंटे काम कर रहा है । धमतरी जिले में चालू मानसून के दौरान विगत एक जून से आज 29 जुलाई तक 559 मिलीमीटर औसत वर्षा रिकार्ड की गयी है।
कलेक्टर ने जन सामान्य से कहा कि वे अपने शहर या गांव में बाढ़ की संभावना और विगत वर्ष में बाढ़ के सबसे उच्च स्तरों को जानें। अपनी बहुमूल्य वस्तुओं और महत्वपूर्ण दस्तावेजों को सुरक्षित रखें। अपने नजदीकी प्राथमिक स्वास्थ्य तथा सहायता केन्द्र की जानकारी रखें। आपातकालीन किट तैयार करें, जिसमें सूखा खाद्य पदार्थ, पेयजल, आवश्यक दवाएं, रेडियों, टॉर्च, जरूरी कागजात, माचिस, रस्सी आदि शामिल हों तथा इन्हें उपयोग हेतु चालू हालत में रखें ।
बाढ़ की संभावना को देखते हुए पालतू जानवरों को पहले से ही सुरक्षित तथा ऊंचे स्थानों पर भेज दें या जल स्तरबढ़ रहा हो, तो उन्हें खुला छोड़ दें। बाढ़ की चेतावनी मिलने पर उसका पालन करें, अपने पड़ोसियों को सूचित करें तथा सुरक्षित, ऊंचे स्थानों पर चलें जाएं यदि स्थान छोड़ रहे हैं, तो अपने साथ आपाकालीन किट जरूर ले जाएं। घर छोड़ने से पहले बिजली का मुख्य स्विच, गैस और पानी के नलों को बंद कर दें एवं मित्रों व रिश्तेदारों को अपने प्रस्थान की जानकारी दें। पुलिस और दमकल अधिकारियों के अनुदेशों का पालन करें व उन्हें सहयोग दें, आपकी सुरक्षा उनका ध्येय है। उबाला हुआ या क्लोरीन की टेबलेट से साफ किया हुआ पानी पियें। सांप, विषधर प्राणियों से बचकर रहें, प्रायः बाढ़ के समय सांप के काटने की घटनाएं होती है। नवीनतम जानकारी हेतु स्थानीय मौसम और समाचार रिपोर्टों को सुनें। अपने आसपास वातावरण को साफ एवं स्वच्छ रखें।
कलेक्टर ने कहा कि बाढ़ का पानी न पियें और न ही उससे भोजन पकाएं। बाढ़ के पानी के सम्पर्क में आया हुआ खाद्य पदार्थ न खायें। बाढ़-ग्रस्त क्षेत्र में न जाएं तथा गाड़ी चलाने से बचें। मदद के बिना बाढ़ के पानी में न जाएं, बच्चों को बाढ़ के पानी के पास खेलने ना दें। बिजली उपकरणों का प्रयोग न करें, जो बाढ़ के पानी में भीगे हों। उन्होंने बताया कि शासकीय उचित मूल्य दुकानों पर राशन उपलब्ध है । कार्डधारी पत्रानुसार राशन ले सकते है ।
धमतरी एवं सोंढूर जलाशय के कैचमेंट क्षेत्र में लगातार हो रही भारी वर्षा के कारण जलाशय का जलस्तर बढ़ गया है। जल प्रबंधन एवं सुरक्षा की दृष्टि से सोंढूर जलाशय से नियंत्रित रूप से पानी छोड़ा जा रहा है।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने जलाशय एवं नदी-नालों के आसपास बसे सभी ग्रामवासियों से विशेष सतर्कता एवं सावधानी बरतने की अपील की है। उन्होंने कहा है कि नदी, नालों एवं जल प्रवाह वाले क्षेत्रों के समीप अनावश्यक आवाजाही न करें तथा किसी भी स्थिति में पानी के तेज बहाव को पार करने का प्रयास न करें।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने आज समय सीमा की बैठक में कहा कि लगातार बारिश के कारण नगरी और मगरलोड के कई ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कें जलमग्न हो गई हैं और नदी-नालों का जलस्तर तेजी से बढ़ा है। कई जगहों पर बच्चों को जान जोखिम में डालकर स्कूल पहुंचना पड़ रहा था। पूर्व स्थिति को देखते हुए जिला शिक्षा अधिकारी स्कूल और महिला बाल विकास को आंगनबाड़ी एहतियात के तौर पर बंद करने कहा है ।

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