अपर सत्र न्यायाधीश ने सुनाया फैसला:बेटे के हत्यारे पिता को आजीवन कारावास की सजा
धमतरी। दुगली थाना क्षेत्र के ग्राम आमदी में हुए सनसनी खेज हत्या के मामले में बड़ा फैसला आया है। पिता द्वारा अपने ही मासूम बच्चे की हत्या कर देने के मामले में न्यायालय ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
न्यायालय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार घटना दुगली थाना क्षेत्र अन्तर्गत ग्राम आमदी की थी। संजय मरकाम अपनी पत्नी दिलको बाई, बेटी और बेटा शौर्य(संस्कार) के साथ एक ही कमरे में सोए हुए थे।18- 19 मई 2025 की दरमियानी रात सभी खाना खाकर सोए हुए थे। रात में संजय अपने बेटे शौर्य को दूसरे कमरे में सुलाने के बहाने ले गया था। करीब सुबह 4 बजे जब उसकी पत्नी उठी तो देखा शौर्य खून से लथपथ कमरे में पड़ा हुआ था। पास में ही खून से सना हुआ टंगिया भी पड़ा हुआ था। मौके पर से संजय मरकाम गायब था। तत्काल दिलको बाई ने अपने देवर को बुलाकर 108 एम्बुलेंस से नरहरपुर स्वास्थ्य केंद्र ले गई जहां पर डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने 20 मई को संजय मरकाम को गिरफ्तार कर लिया था।
इस मामले में अपर सत्र न्यायाधीश नमिता मिंज भास्कर ने सुनवाई के बाद संजय मरकाम 34 वर्ष ग्राम आमदी थाना दुगली को दोष सिद्ध करते हुए बी एन एस की धारा 103 (1) के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। 2000 अर्थदंड से दंडित किया है नहीं देने पर तीन माह अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। शासन की ओर से लोक अभियोजक गीतेश प्रजापति ने पैरवी की।


