Uncategorized

जनता के पैसो की बर्बादी साबित हुई सालों पहले लाखों की लागत से लगाये गये वाटर एटीएम

गर्मी की दस्तक, वाटर एटीएम की दशा सुधारने की है आवश्यकता


धमतरी। गर्मी की दस्तक हो चुकी है। दिन में गर्मी का अहसास होने लगा है। आने वाले समय में भीषण गर्मी पड़ेगी ऐसे में पल-पल लोगों का गला सूखेगा और लोगों की प्यास बुझाने सालों पहले शहर में कई स्थानों पर लगाये गये वाटर एटीएम काम के नहीं रह गये है। ऐसे में अब गर्मी के मौसम को देखते हुए पुन: वाटर एटीएम की दशा सुधारने की मांग हो रही है। ज्ञात हो कि साल 2015 में धमतरी नीर के नाम से लोगों को शीतल पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से वाटर एटीएम लगाया गया। पहले कुछ स्थानों पर वाटर एटीएम लगाकर एक रुपये का सिक्का डालकर एक बाटल शीतल पेयजल मिलता था। यह योजना लोगों को रास नहीं आई और जल्द ही लोगों ने इसका उपयोग कम कर दिया। फिर भी शहर के कई अन्य हिस्सों में वाटर एटीएम लगाया गया इसके बाद भी जब लोगों का रिस्पांश नहीं मिला तो 1 रुपये के सिक्के की अनिवार्यत: भी समाप्त कर दी गई। इसे नि:शुल्क कर दिया गया। इसके बाद भी यह योजना सफल नहीं हो पाई। इसका मुख्य कारण यह है कि शहर में लगे वाटर एटीएम कभी सही तरीके से चले ही नहीं। आये दिन इनमें खराबी आ रही है। धीरे-धीरे वाटर एटीएम कबाड़ में तब्दील होने लगे। इसके बाद निगम प्रशासन द्वारा एक बार फिर इसकी सुध ली और एजेंसी को इसके संचालन की जिम्मेदारी सौंपी फिर भी सही तरीके से संचालन नहीं हो पाया। वर्तमान में कुछ एटीएम बंद है। कुछ एटीएम चालु है। इनमें भी फ्रीजर खराब है। लोगों को ठंडा पानी नहीं मिल पाता। ऐसे में वाटर एटीएम को सही तरीके से मेंटेनेंस कर पुन: जनता को समर्पित करने की आवश्यकता है।
ज्ञात हो कि शहर में नया बस स्टैण्ड जिला अस्पताल परिसर विंध्यवासिनी मंदिर के पास, गौरव पथ पर, गोकुलपुर, एकलव्य खेल मैदान सहित कुल 8 जगहों पर वाटर एटीएम लगाया गया है। लगभग 64 लाख के करीब इसमें खर्च भी हुआ था। कुछ एटीएम के पार्टस भी पूर्व में चोरी हो चुके है। ऐसे में आगामी गर्मी के चौमासे को देखते हुए वाटर एटीएम की दशा में सुधार किया जाये तो लोगों को शीतल पेयजल नि:शुल्क उपलब्ध हो सकता है।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!