कृषि उपज मंडी श्यामतराई में अव्यवस्था का आलम, किसानों, तौल्लया, हमालों को नहीं मिल रही विशेष सुविधायें
किसानों के लिए विश्राम गृह, सुरक्षा हेतु सीसीटीवी कैमरे, स्वच्छता, पेयजल व शौचालय की है बदहाल व्यवस्था

धमतरी। श्यामतराई धमतरी स्थित कृषि उपज मंडी की गिनती प्रदेश के बड़े मंडियों में होती है लेकिन जब यहां सुविधाओं की बात आती है तो स्थिति ठीक नहीं पाई जाती है। इससे यहां पहुंचने वाले किसान और कार्यरत तौल्लया, हमालों को अक्सर परेशानी झेलनी पड़ती है। विडंबना है कि यहां अव्यवस्था सालों से है फिर भी सुधार की दिशा में ठोस पहल मंडी प्रशासन द्वारा नहीं हो रहा है।
बता दे की कृषि उपज मंडी श्यामतराई में साल भर हजारों किसान अपनी उपज बेचने पहुंचते हैं। इस दौरान उन्हें घंटो मंडी में समय बिताना पड़ता है इस दौरान किसानों को यदि विश्राम करना हो तो वह मंडी में बने शेड या पेड़ के नीचे विश्राम करने मजबूर है। दरअसल यहां किसानों मजदूरों के विश्राम के लिए अलग विश्रम गृह की व्यवस्था ही नहीं है सालों पहले विश्राम गृह की व्यवस्था थी जिसे बाद में कैंटीन में तब्दील कर दिया गया इसके बाद से अन्य व्यवस्था विश्राम गृह हेतु नहीं किया गया है। हालांकि मंडी में निर्माण के समय से ही अलग विश्राम गृह बनाया गया है, लेकिन इसका उपयोग वर्तमान में तौल, कांटा रूम के रूप में किया जा रहा है। मंडी परिसर में कुछ भवन जर्जर हो रहे है जो कभी हादसे का कारण भी बन सकते है। वहीं सुरक्षा व्यवस्था भी यहां भगवान भरोसे हैं मंडी में थोक सब्जी बाजार भी सालों से लग रहा है ऐसे में आवाजाही और ज्यादा होती है इसलिए यहां सीसीटीवी कैमरे के साथ गार्ड की व्यवस्था आवश्यक है लेकिन यहां कैमरे भी काफी समय से बंद ही है और ना ही कोई गार्ड तैनात रहता है नतीजा शाम ढलते ही मंडी परिसर में नशेडिय़ों और असामाजिक तत्वों का अड्डा बन जाता है। सब्जी मंडी में पहले चोरी की वारदात भी हो चुकी है।
बदहाल स्वच्छता
मंडी परिसर में गंदगी बिखरी रहती है यहां पेड़ पत्ती, झाडिय़ा, फैली रहती है पत्तें कचरे के ढेर बन चुके है। यदि यहां छोटी सी भी चिंंगारी पड़ जाये तो आग फैलते देर नहीं लगेगी और बड़ी आगजनी का कारण बन सकती है। नियमित सफाई के आभाव के चलते मंडी में स्वच्छता का बुरा हाल है।
पेयजल, शौचालय की व्यवस्था ठीक नहीं
मंडी परिसर में वैसे तो कई जगह पेयजल हेतु पाईप लाईन फैलाया गया था, लेकिन टोटियां टूट फूट चुकी है। जिन्हें ठीक करने की फुर्सत मंडी प्रशासन के पास नहीं है। एक टोटी में पाईप लगाकर पानी की व्यवस्था किसानों को करनी पड़ती है, गर्मी में शीतल पेयजल हेतु व्यवस्था के मामले में ध्यानाकर्षण कराने पर कुछ दिन पूर्व मंडी सचिव द्वारा गर्मी के मौसम को देखते हुए मटके की व्यवस्था कराने की बात कही थी। वहीं शौचालय के संबंध में किसानों ने बताया कि हमेशा गंदगी का आलम रहता है। नलो की टूटी टोटियों को भी सुधरवाया नहीं जाता इससे सभी को परेशानी होती है।
”सुरक्षा हेतु कैमरो को दुरुस्त कराने व विश्राम गृह की व्यवस्था हेतु प्रयास किया जा रहा है। समय-समय पर परिसर की सफाई कराई जाती है शौचालय की व्यवस्था में भी सुधार करेंगे। ÓÓ
सीएल तांडव
सचिव
कृषि उपज मंडी श्यामतराई
जिला-धमतरी