कसावाही में गहराया पेयजल संकट, दिग्विजयसिंह कृदत्त ने सुनी ग्रामीणों की समस्या
हैंडपंप सूखे और नल-जल योजना हुई ठप

धमतरी। ग्राम कसावाही में पेयजल का विकट संकट गहरा गया है। गांव के सारे हैंडपंप सूख चुके हैं और नल-जल योजना ठप पड़ी है। ग्रामीण 1 से 2 किलोमीटर दूर बैलगाड़ी और ट्रैक्टर में बड़े ड्रम, बाल्टी, गुंडी लेकर एमएफसी मेन फीडर केनाल से निस्तार के लिए पानी लाने को मजबूर हैं। भीषण गर्मी में पानी के लिए रोजाना जद्दोजहद करनी पड़ रही है। ग्रामीणों और पंचायत के बुलावे पर किसान नेता व किसान मोर्चा के भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दिग्विजय सिंह कृदत्त कसावाही पहुंचे। उन्होंने गांव की पेयजल व्यवस्था का निरीक्षण किया। ग्रामीणों ने उन्हें सूखे हैंडपंप, बंद पड़ी नल-जल योजना और पानी के लिए हो रही परेशानी की जानकारी दी।
ग्रामीणों ने बताया कि गांव में पानी का कोई स्थायी स्रोत नहीं बचा है। सुबह से ही महिलाएं और बच्चे पानी के लिए केनाल की ओर निकल पड़ते हैं। पीने के पानी से लेकर मवेशियों और घरेलू उपयोग के लिए भी 2 किमी दूर से पानी ढोना पड़ रहा है। बुजुर्ग और बीमार लोगों को सबसे ज्यादा दिक्कत हो रही है। दिग्विजय सिंह कृदत्त ने कहा कि ग्रामीणों की समस्या गंभीर है। उन्होंने मौके पर ही उच्च अधिकारियों और पार्टी के शीर्ष नेताओं से फोन पर चर्चा की। ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि जल्द ही पेयजल संकट के स्थायी समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे। नल-जल योजना को शुरू कराने और वैकल्पिक व्यवस्था करने के लिए प्रयास तेज किए जाएंगे। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन से मांग की है कि गांव में तत्काल टैंकर से पानी की सप्लाई शुरू की जाए। साथ ही खराब हैंडपंपों को सुधारा जाए और नल-जल योजना को जल्द चालू किया जाए, ताकि भीषण गर्मी में लोगों को राहत मिल सके।
