सड़क के बीच व किनारे लगे यूनिपोल व होर्डिंग्स मेें लगे फ्लैक्स से बारिश के मौसम में दुर्घटना की आशंका
तेज हवाओं, आँधी-तूफान से फट कर लटकते रहते फ्लैक्स, विद्युत तारों, वाहनों पर गिरने से हो सकती है दुर्घटना

धमतरी। बारिश के मौसम में अक्सर तेज हवायें एवं आंधी चलना आम बात है। ऐसे मौसम में सड़कों पर लगे फ्लैक्स, बैनर, पोस्टर फट कर सड़क या फिर बिजली तारों में गिरने की आशंका बनी रहती है, जिससे हादसे का खतरा और भी ज्यादा बढ़ जाता है। ऐसी ही स्थिति धमतरी शहर में बनी है। बता दे कि शहर में निगम द्वारा जारी यूनिपोल शहर के सबसे व्यस्त और मुख्य मार्गों पर अतिरिक्त राजस्व आय को लगाने अनुमति निगम दी, लेकिन इसके साथ ही सुरक्षा की चिंता की समिति व जनप्रतिनिधियों ने जाहिर की थी। आज शहर के सबसे व्यस्त और मुख्य मार्ग रत्नाबांधा चौक से बस स्टैंड चौक से रायपुर रोड पर कई युनिपोल लगाये गये है। इनमें ज्यादातर सड़क किनारे ही लगाये गये हैं। वहीं पूर्व में भी सड़क के किनारे कई होर्डिंग्स लगाये गये हैं जो सालों पहले लगाये गये हैं। कुछ दुकानों व जर्जर भवन में भी होर्डिंग्स लगे है। कुछ होर्डिंग्स लोहे की व जंग इत्यादि के कारण अपनी मजबूती के मामले में संदेह के घेरे में रहते है। इन सभी यूनिपोल और होर्डिंग्स में कई शासकीय व निजी विज्ञापन वाले फ्लेक्स लगाये गये हैं जो कि आँधी तूफान तेज बारिश इत्यादि के कारण फट जाते हैं और लटकते रहते हैं। कई बार यह फ्लेक्स टूट कर आस पास के विद्युत तारों में गिर जाते हैं वहीं सड़क के बीच खंबो में लगाए गए फ्लेक्स व पोस्टर भी बारिश व हवाओं के चलते लटकते रहते है। कई बार टूट कर सड़क पर अचानक गिर जाते है। चंूंकि अधिकांश पोस्टर फ्लैक्स अम्बेडकर चौक से लेकर अर्जुनी चौक तक लगाए जाते है जो कि शहर के सबसे व्यस्त मार्ग है। ऐेसे में इन मार्गो पर हादसे की आंशका बढ़ जाती है इसलिए इस प्रकार की लापरवाही न हो इस ओर ध्यान देने की आवश्यकता है ताकि किसी प्रकार के जानमाल के नुकसान का खतरा ना रहे। पूर्व में कई बार फटे पोस्टर व फ्लैक्स विद्युत तारो में भी गिर चुके है। जिससे विद्युत आपूर्ति बाधित होती रही है साथ ही जानमाल के नुकसान का खतरा भी बढ़ जाता है। इसी प्रकार फ्लैक्स फट कर सड़क पर गिर सकते हैं जिससे वाहन चालकों का नियंत्रण बिगड़ कर दुर्घटनाओं का कारण बन सकता है। चूंकि उक्त मार्गों पर 24 घंटे दुपहिया से लेकर भारी वाहनों का आवागमन होता रहता है ऐसे में हादसा बड़ा व गंभीर हो सकता है। लोगों द्वारा उक्त खतरे को भांपते हुये किसी प्रकार का हादसा न हो इस ओर उचित व्यवस्था करने की मांग नगर-निगम के जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों व अधिकारियों से की है।