नगरी मे बढ़ते ट्रैफिक दबाव के बीच फोरलेन सड़क की मांग तेज
लगभग 34 करोड़ रुपये की लागत से फोरलेन सड़क निर्माण का छत्तीसगढ़ शासन को भेजा गया है प्रस्ताव

नगर पंचायत नगरी में बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए अब फोरलेन सड़क की मांग ने जोर पकड़ लिया है। बजरंग चौक से लेकर पुराने पेट्रोल पंप होते हुए हरदीभाठा चौक तक का मार्ग वर्तमान में अत्यधिक व्यस्त और संकुचित हो चुका है, जिससे आए दिन जाम की स्थिति बन रही है।
नागरवासियों की लंबे समय से चली आ रही इस मांग को ध्यान में रखते हुए लोक निर्माण विभाग नगरी द्वारा लगभग 34 करोड़ रुपये की लागत से फोरलेन सड़क निर्माण का प्रस्ताव छत्तीसगढ़ शासन को भेजा गया है। इस प्रस्ताव को वर्ष 2026 के मूल बजट में प्रदेश के उपमुख्यमंत्री अरुण साव द्वारा शामिल किए जाने की जानकारी सामने आई है। अब नगरवासियों की निगाहें इस परियोजना की प्रशासनिक स्वीकृति पर टिकी हुई हैं।
यह मार्ग नगरी का सबसे महत्वपूर्ण और व्यस्त इलाका माना जाता है। इसी सड़क पर ग्रामीण बैंक, पंजाब नेशनल बैंक एचडीएफसी बैंक तहसील कार्यालय, शासकीय अस्पताल, जनपद कार्यालय, शिक्षा विभाग का दफ्तर और रावणभाठा धरना स्थल स्थित हैं। इन संस्थानों के कारण प्रतिदिन यहां भारी भीड़ रहती है, विशेषकर किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों की संख्या अधिक रहती है।स्थिति तब और गंभीर हो जाती है जब नगर में कोई बारात, रैली या बड़ा आयोजन होता है। हाल ही में एक ट्रक द्वारा गलत दिशा में वाहन मोड़ने के कारण बजरंग चौक पर करीब सैकड़ों वाहनों की लंबी कतार लग गई, जिससे आम नागरिकों, स्कूली बच्चों, शिक्षकों और कर्मचारियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
सड़क किनारे अव्यवस्थित पार्किंग और लगातार बढ़ती वाहनों की संख्या दुर्घटनाओं का भी खतरा बढ़ा रही है। ऐसे में फोरलेन सड़क निर्माण को नगर के विकास और सुगम यातायात के लिए बेहद आवश्यक माना जा रहा है।
अब नगरवासी प्रदेश के मुखिया विष्णु देव साय, उप मुख्यमंत्री अरुण साव सिहावा विधायक अंबिका मरकाम जिला पंचायत अध्यक्ष अरुण सार्वा जनपद अध्यक्ष महेश गोटा नगर पंचायत अध्यक्ष बलजीत छाबड़ा जिला अध्यक्ष प्रकाश बैस स्थानीय जनप्रतिनिधियों और प्रशासन से उम्मीद लगाए बैठे हैं कि जल्द ही इस महत्वपूर्ण परियोजना को स्वीकृति देकर कार्य प्रारंभ कराया जाएगा, ताकि नगरी को इस गंभीर ट्रैफिक समस्या से राहत मिल सके।

