हम संसार में सुख खोजने का प्रयास कर रहे है जबकि ज्ञानीजन संसार के त्याग में सुख देखते है – परम पूज्य भव्य मुनि जी म.सा.


धमतरी। व्याख्यान वाचस्पति परम पूज्य जयानंद मुनि जी महाराज साहेब के सुशिष्य रत्न गणाधीश पन्यास प्रवर श्री विनय कुशल मुनि गणी जी, परम पूज्य नन्दीसेन मुनि जी महाराज साहेब, परम पूज्य पन्यास प्रवर श्री वीरभद्र मुनि गणी जी(विराग मुनि जी), परम पूज्य भव्य मुनि जी महाराज साहेब, परम पूज्य सोमभद्र मुनि जी महाराज साहेब, परम पूज्य सुहस्ति भद्र मुनि जी महाराज साहेब, शतावधानी बालमुनि हंसभद्र जी महाराज साहेब श्री पाश्र्वनाथ जिनालय इतवारी बाजार में विराजमान है। आज प्रवचन माध्यम से परम पूज्य भव्य मुनि जी महाराज साहेब ने फरमाया कि आज हम संसार में सुख खोजने का प्रयास कर रहे है जबकि ज्ञानीजन संसार के त्याग में सुख देखते है। हम परिवार का ध्यान रखने की जिम्मेदारी स्वयं की मानते है और जिनशासन की जिम्मेदारी दूसरों पर डाल देते है। कारण यह है कि परिवार को अपना मानते है प्राथमिकता देते है किंतु जिनशासन के प्रति अपनत्व नहीं दिखता। जिनशासन के प्रति प्राथमिकता दिखाई नहीं देती। हम संसार में एक अच्छी व्यवस्था स्वयं के लिए और अपने परिवार के लिए चाहते है। लेकिन आत्मा के अच्छी स्थिति के बारे में सोचते भी नहीं है। जीवन भर धन- धन करते हमारा निधन हो जाता है। और जीवन भर कमाया हुआ धन साथ नहीं जाता। वास्तविकता में आज हम जो भी करते है अपने नाम की प्रसिद्धि के लिए करते है जिनशासन के लिए नहीं करते। जबकि हमें अपने द्रव्य का सउपयोग साधु, साध्वी, श्रावक, श्राविका, जिनमंदिर आदि सात क्षेत्रों में करना चाहिए।
आज परम पूज्य वीरभद्र मुनि गणी जी के 144 उपवास की है तपस्या
आज परम पूज्य वीरभद्र मुनि गणी जी के 144 उपवास की तपस्या है। तपस्या निमित्त श्री जैन युवा मंडल द्वारा त्रिदिवसीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। जिसमें 22 मई को 1 घंटा का सामूहिक नवकार जाप का आयोजन किया गया था। जाप में लगभग 240 श्रावक श्राविका वर्ग उपस्थित रहे। इस एक घंटे के जाप में लगभग 31000 बार नवकार मंत्र का जाप सभी के द्वारा किया गया। 23 मई को सामूहिक सामयिक रखा गया था। प्रवचन के समय लगभग 250 की संख्या में श्रावक श्राविकाओं द्वारा सामूहिक सामयिक किया गया।
आज सामूहिक पूजा का आयोजन
आज रविवार को सामूहिक पूजा रखा गया था। इस कार्यक्रम में श्री पाश्र्वनाथ जिनालय में श्री रानूलाल जी विनय कुमार जी पारख के निवास स्थान से, श्री आदिश्वर जिनालय गोलबाजार में मदनलाल मनोज कुमार पारख के निवास स्थान से एवं श्री अभिनंदन स्वामी जिनालय, शांति कॉलोनी में धनपत मनीष बरडिया के निवास स्थान से गाजे बाजे के साथ बड़ी संख्या में श्रावक श्राविका पूजा करने जिनालय पहुंचे। तीनों जिनमंदिर में मिलकर लगभग 300 की संख्या में श्रावक श्राविकाओं ने सामूहिक पूजा का लाभ लिया। उक्त सभी कार्यक्रम में लूणकरण गोलछा, पारसमल गोलछा, धनपत बरडिया, विनय पारख, लक्ष्मीलाल लूनिया, मदनलाल पारख, सुरेश बच्छावत, राहुल सेठिया, धनराज लूनिया, पिंटू डागा, मनीष बरडिया, पिंटू बरडिया, मानक लुनिया, शिशिर सेठिया, कुशल चोपड़ा, महावीर डागा, निशांत बोहरा, महावीर श्रीश्रीमाल, मयूर गोलछा, विजय दुग्गड़, संकेत बरडिया सहित बड़ी संख्या में समाजजन उपस्थित रहे।

