गर्मी छुट्टियों में खेल मैदानों में उमड़ रही भीड़, खल रही पेयजल व्यवस्था की कमी
शहर के किसी भी खेल मैदान में नहीं है पीने के पानी की व्यवस्था, खेल के दौरान पल-पल सूख रहा गला
खेल सुविधाओं की बेहतरी की बाते करने वाले जनप्रतिनिधि-अधिकारी पानी तक की नहीं करा पाये है व्यवस्था

धमतरी। शहर में खेल सुविधाओं, मैदानों की कमी शुरु से है और जो गिनती के खेल मैदान है उनमें भी सुविधाओं की दरकार सालों से है, लेकिन बड़े बड़े दावे खेल सुविधाओं के विस्तार के करने वाले नेता अधिकारियों द्वारा इतने वर्षो में अब पानी जैसे आवश्यक सुविधा नहीं दिलाई गई है।
बता दे कि शहर में गिनती के खेल मैदान है जिनमें पीजी कॉलेज ग्राउंड, एकलव्य खेल परिसर, आमातालाब रोड स्थित इंडोर स्टेडियम खेल मैदान, जामलपुर स्कूल मैदान और मिशन मैदान शामिल है। साल भर यहां बच्चों, युवा फुटबाल, क्रिकेट, बॉलीबाल आदि आउटडोर गेम्स खेलने पहुंचते है। वर्तमान में गर्मी की छुट्टियां चल रही है। ऐसे में मैदानों में खिलाडिय़ों की संख्या काफी बढ़ गई है। सुबह शाम बच्चें, युवा मैदान पहुंचते है और खेल में पसीना बहाते है। इसके अतिरिक्त सभी वर्ग के लोग मार्निंग व इवनिंंग वॉक के लिए भी मैदानों में पहुंचते है। कुछ मैदानों में तो सेना भर्ती व अन्य शासकीय नौकरी की तैयारियों हेतु फिजिकल ट्रेनिंग भी युवा लेते है। इन सभी के दौरान शारीरिक मेहनत के कारण प्यास ज्यादा लगती है। लेकिन विडम्बना है कि जिला बनने के 27 सालों बाद भी शहर के एक भी खेल मैदान में पीने के पानी की व्यवस्था नहीं हो पाई है। यहां खिलाड़ी व कसरत करने वाले लोग स्वयं पानी का बाटल लेकर पहुंचते है। लेकिन वर्तमान में पड़ रही भीषण गर्मी के कारण बाटल का पानी पर्याप्त नहीं होता है। इस कारण कई बार मैदान के बाहर दुकानों से भी पानी खरीदकर प्यास बुझाना पड़ता है। वैसे तो जिले के जनप्रतिनिधि नेता व अधिकारी बड़े-बड़े प्रोजेक्ट को स्वीकृत कराने के दावे और वादे करते रहते है। लेकिन इस आवश्यकता पर उनका ध्यान ही नहीं जाता। कई बार उक्त मैदान में शासकीय, निजी व राजनीतिक आयोजन भी होते है तब भी उपस्थित जनों को पानी की कमी खलती है। यदि इनमें से कुछ मैदान में भी ठंडे पानी हेतु फ्रीजर लगवा दिया जाये तो खिलाडिय़ों व मैदान पहुंचने वाले लोगों को काफी राहत मिल पायेगी।
