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5.72 लाख मीट्रिक टन से अधिक धान की खरीदी, किसान संतुष्ट

अभी तक 1,14,810 किसानो को 1300.42 करोड़ रूपये का किया जा चुका है भुगतान

धमतरी -जिले में समर्थन मूल्य पर धान उपार्जन हेतु जिले के 74 समितियों में कुल 1,29,591 किसानो के 1,27,709.99 रकबा पंजीकृत है I 15 नवम्बर 2025 से अभी तक 1,19,174 किसानो से 57,28,343.60 क्विंटल धान(5,72,834.36 मेट्रिक टन) 1358.26 करोड़ रूपये का खरीदी की जा चुकी है I तथा अभी तक 1,14,810 किसानो को 1300.42 करोड़ रूपये का भुगतान किया जा चुका है.28 जनवरी के लिए 822 किसानो का टोकन 4180.88 क्विंटल धान खरीदी हेतु जारी किया गया है.अभी तक उपार्जित धान में से 24,76,108.90 क्विंटल धान का उठाव किया जा चूका है उपार्जन केंद्र में 32,52,234 .70 क्विंटल धान उठाव हेतु शेष है I

अब तक 97 प्रतिशत धान खरीदी पूर्ण

समाचार लिखे जाने तक जिले में 5,69,681.28 मीट्रिक टन धान की खरीदी की जा चुकी है, जो कि गत खरीफ वर्ष 2024–25 की कुल खरीदी 6,19,868.68 मीट्रिक टन के सापेक्ष 97 प्रतिशत है। आगामी दिनों हेतु जारी 15918 टोकनों के आधार पर शेष धान की खरीदी भी शीघ्र पूर्ण होने की संभावना है।

टोकन प्रणाली से किसानों को राहत, अव्यवस्था पर लगाम

किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिले के सभी धान खरीदी केंद्रों पर टोकन प्रणाली के माध्यम से धान खरीदा जा रहा है। इससे किसानों को अनावश्यक प्रतीक्षा नहीं करनी पड़ रही है और खरीदी केंद्रों पर भीड़ की स्थिति नहीं बन रही है। समयबद्ध खरीदी से किसान संतोष व्यक्त कर रहे हैं।

गुणवत्ता और मानकों पर विशेष फोकस

धान की खरीदी के दौरान गुणवत्ता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है। नमी मानक के अनुरूप धान की खरीदी सुनिश्चित की जा रही है। प्रत्येक केंद्र पर नमी मापक यंत्र, तौल मशीन एवं आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित की गई है, जिससे किसी भी प्रकार की अनियमितता की संभावना समाप्त हो सके।

निरंतर निरीक्षण और त्वरित समाधान

जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी नियमित रूप से धान खरीदी केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं। किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं का मौके पर ही निराकरण किया जा रहा है। ऑनलाइन प्रविष्टि, डिजिटल रिकॉर्ड एवं रियल टाइम मॉनिटरिंग से पूरी प्रक्रिया पारदर्शी बनी हुई है।

कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने कहा कि धमतरी जिले में धान खरीदी प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी, सुचारू और किसान हितैषी बनाया गया है। सभी केंद्रों पर स्पष्ट दिशा-निर्देशों के साथ खरीदी की जा रही है। किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, यह प्रशासन की प्राथमिकता है। शेष धान की खरीदी भी निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण की जाएगी।

राज्य में धमतरी बना सकारात्मक उदाहरण
सुव्यवस्थित व्यवस्था, तकनीकी निगरानी और प्रशासन–किसान समन्वय के चलते धमतरी जिले की धान खरीदी राज्य स्तर पर एक सकारात्मक और अनुकरणीय मॉडल के रूप में सामने आ रही है।

Ashish Kumar Jain

Editor In Chief Sankalp Bharat News

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