ट्रेड लाइसेंस अनिवार्यता को लागू न करने की मांग को लेकर चेम्बर ऑफ कॉमर्स ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
शहर के मध्य से भारी वाहनों (हाईवा) के आवागमन पर तत्काल प्रतिबंध एवं बायपास मार्ग का अनिवार्य उपयोग सुनिश्चित करने की भी रखी गई मांग

धमतरी। छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्रीज के बैनर तले धमतरी चेम्बर ऑफ कॉमर्स के कैलाश कुकरेजा अध्यक्ष जिला इकाई धमतरी, दिनेश रोहरा (राजा) प्रदेश उपाध्यक्ष धमतरी के साथ बड़ी संख्या में व्यापारियों ने मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर अबिनाश मिश्रा को ज्ञापन सौंपकर प्रस्तावित ट्रेड लाइसेंस व्यवस्था को लागू न किए जाने एवं व्यापारी हितों की रक्षा की मांग की।
व्यापारियों ने कहा कि प्रदेश का व्यापारी वर्ग वर्तमान समय में अत्यंत चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों से गुजर रहा है। लगातार बढ़ती लागत, ऑनलाइन व्यापार से प्रतिस्पर्धा, घटती कय शक्ति, आर्थिक मंदी, बढ़ते संचालन व्यय, विभिन्न करों एवं वैधानिक अनुपालनों के बोझ के बीच व्यापार करना दिन-प्रतिदिन कठिन होता जा रहा है। ऐसे समय में प्रदेश में ट्रेड लाइसेंस व्यवस्था को पुन: लागू करने अथवा उसके दायरे का विस्तार करने की चर्चा से व्यापारी वर्ग में गहरी चिंता एवं असंतोष व्याप्त है। व्यापारियों का मानना है कि यह व्यवस्था व्यापार को सुगम बनाने के बजाय अतिरिक्त प्रशासनिक एवं आर्थिक बोझ उत्पन्न करेगी, जिससे विशेष रुप से छोटे एवं मध्यम व्यापारियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। व्यापार करने में अनावश्यक बाधाएँ बढ़ेंगी तथा व्यापार प्रारंभ करने एवं संचालित करने की प्रतिक्रिया अधिक जटिल हो जाएगी। लघु एवं मध्यम व्यापारियों पर अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ेगा, जबकि वे पहले से ही सीमित लाभ एवं बढ़ती लागत की समस्या से जूझ रहे हैं।
साथ ही व्यापारियों ने शहर के मध्य से भारी वाहनों (हाईवा) के आवागमन पर तत्काल प्रतिबंध एवं बायपास मार्ग का अनिवार्य उपयोग सुनिश्चित करने की मांग हेतु भी ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि पूर्व में प्रशासन द्वारा व्यवस्था बनाई गई थी, जिसके अंतर्गत अर्जुनी चौक से रात्रि 10 बजे के पश्चात ही हाईवा वाहनों को छोड़ा जाता था तथा उनका आवागमन सिहावा मार्ग के माध्यम से संचालित किया जाता था। इस व्यवस्था से शहर के भीतर यातायात का दबाव नियंत्रित रहा और आमजन को राहत मिली थी। किन्तु वर्तमान में पुन: स्थिति अत्यंत चिंताजनक हो गई है, जहां भारी वाहन श्यामतराई से रुद्री रोड होते हुए, रत्नाबांधा से मकई चौक एवं रुद्री रोड मार्ग से निरंतर शहर के भीतर संचालित हो रहे हैं। यह न केवल पूर्व निर्धारित व्यवस्था का उल्लंघन है, बल्कि नागरिकों की सुरक्षा के साथ सीधा खिलवाड़ भी है।
